मजदूर मनोज के घर जब आयकर विभाग की टीम पहुंची तो मनोज और उसके परिवार के लोगों के साथ-साथ आसपास के लोगों का भी होश उड़ गया. आयकर विभाग के नोटिस के मिलने पर गरीब मजदूर मनोज के हाथ-पांव फूल गए. उसने स्थानीय लोगों से इसकी चर्चा की, लेकिन कोई भी समस्या का समाधान नहीं दे सका.
गरीब मजदूर मनोज ने आयकर विभाग के लोगों से अपने पूरी आपबीती बताई. आखिरकार आयकर विभाग से आए हुए अधिकारियों को यह विश्वास हुआ कि यह मजदूर है और इतनी बड़ी राशि का टर्नओवर यह किसी भी कीमत पर नहीं कर सकता है. इसके बाद अधिकारियों ने अपनी पड़ताल शुरू हो गई है.
मनोज ने बताया कि वह दिल्ली और अन्य राज्यों में जाकर मजदूरी का कार्य करता है और अपने परिवार का भरण पोषण करता है, इसी दौरान बैंक खाता खुलवाने के लिए उसने अपने पैन कार्ड और आधार कार्ड दिए होंगे, इसी दौरान साइबर अपराधियों के द्वारा फर्जी खाता खोलकर इस तरह का फ्रॉड किया गया है.
इस मामले में आयकर विभाग के अधिकारियों की ओर से अभी कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है.
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